NIRMAL JAIN/KEY LINE TIMES
भारत के पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल बिहारी वाजपेयी के सम्मान में विगत 25 दिसंबर 2025 को,
पत्रकारों के पंजीकृत राष्ट्रीय संगठन प्रिंट मीडिया वर्किंग जर्नलिस्ट एसोसिएशन उत्तर प्रदेश ,लखनऊ के तत्वाधान में आयोजित ,”भारत रत्न अटल सम्मान ” का नि:शुल्क आयोजन भारत सरकार के सूचना एवं प्रसारण विभाग में किया गया । जिसमें देश-विदेश के साहित्य, कला समाज – सेवा व पत्रकारिता के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाले प्रबुद्ध व्यक्तियों को सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर रिसड़ा,कोलकाता निवासी कवयित्री अनीता सुराणा को हिंदी भाषा एवं साहित्य के क्षेत्र में उनके विशिष्ट योगदान के लिए प्रतिष्ठित भारत रत्न अटल सम्मान से सम्मानित किया गया।
प्रोग्राम में मुख्य अतिथि, डॉ अम्मार रिजवी (पूर्व कार्यवाहक उत्तर प्रदेश मुख्यमंत्री) विशिष्ट अतिथि, ज्योति मल्होत्रा(अधिक्षिका बलरामपुर महिला अस्पताल), पद्मश्री डॉक्टर विद्या बिंदु सिंह ,प्रख्यात डॉ उमंग खन्ना ,वरिष्ठ साहित्यकार महेंद्र सिंह भीष्म की उपस्थिति रही। एसोसिएशन के राष्ट्रीय अध्यक्ष अजीज सिद्दीक़ी और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ रीमा सिन्हा के प्रबंधन में कार्यक्रम सफलता पूर्वक संपन्न हुआ। और साहित्यकारों ने अपने शब्दों और काव्य पाठ द्वारा अटल जी को सच्ची शब्दांजलि दी। कवयित्री ने अपने काव्य पाठ युग-युग को नवदिशा दिखाने धरा पर आए एक अटल के माध्यम से श्रद्धेय अटल जी की महिमा का गौरवमयी बखान किया।
जीवन,प्रेम,नारी विमर्श व सामाजिक मुद्दों पर कलम चलाते हुए अनीता सुराणा की अनेक सांझा काव्य संग्रह प्रकाशित हो चुके हैं।विभिन्न साहित्यिक पटल और पत्र-पत्रिकाओं में लिखते हुए आपको साहित्य रत्न, हिंदी रत्न जैसी उपाधि से सम्मानित किया गया है और अनेकों सम्मान पत्र, स्मृति चिन्ह और पदक प्रदान किए गए हैं। कवयित्री के शब्दों में….कविताएं व्यक्ति के विचारों का आईना होती हैं । एक सच्ची संगिनी जो जिंदगी की भागदौड़ के तनावपूर्ण वातावरण में संजीवनी का कार्य करती हैं। साथ ही कविताएं खुद को बेहतर निखारने की प्रक्रिया है जो आत्मप्रसन्नता प्रदान करती हैं ।


